Home Faridabad News MCF कमिश्नर का सख्त आदेश, फरीदाबाद में अवैध निर्माण तोड़ों या सील...

MCF कमिश्नर का सख्त आदेश, फरीदाबाद में अवैध निर्माण तोड़ों या सील करो, नहीं तो अधिकारियों पर होगी कार्रवाई

0

फरीदाबाद । निगमायुक्त यशपाल यादव ने  एनआईटी नगर निगम के कान्फ्रेन्स हाल में शहर को पानी सड़क और स्वच्छ वातावरण देने तथा अतिक्रमण मुक्त करने को लेकर निगम अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में निगमायुक्त ने अधिकारियों से कहा कि शहर को पानी-स्ट्रीट लाईट-साफ-सुथरी सड़कें स्वच्छ वातावरण तथा सरकारी जमीनों तथा बाजारों से अतिक्रमण मुक्त करना हमारी पहली प्राथमिकता है। बैठक में अतिरिक्त आयुक्त के अलावा सभी संयुक्त आयुक्त, मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता, कार्यकारी अभियंता, सहायक अभियंता और कनिष्ठ अभियंता उपस्थित थे।

अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्यवाही

बैठक में निगमायुक्त ने अधिकारियों को कहा कि जो शहर का मास्टर प्लान है, उसके हिसाब से साफ-सुथरी चौड़ी सड़कें होनी चाहिए और सरकारी जमीनों पर जिन्होंने अतिक्रमण कर ररखा है उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही की जानी चाहिए। उन्होंने बैठक में निगम अधिकारियों से कहा कि जो दुकानदार अपनी दुकान के आगे रेहड़ी आदि लगाकर यानि सरकारी जमीन का किराया ले रहे है उनको तीन दिन का नोटिस दो और उनकी वीडियो बनाओ और यदि उसके बाद भी वह दुकानदार नहीं मानते है तो उनकी दुकानों को सील करने की कार्यवाही अमल में लाई जाए। दिसम्बर माह के बाद जनवरी में जब सभी निगम अधिकारियों के कार्यों की समीक्षा होगी तो जिस भी जेई के वार्ड में अतिक्रमण दिखेगा उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

इमारत को सील कर दो या फिर तोड़ दो

निगमायुक्त ने बैठक में निगम अधिकारियों को यह भी सख्त निर्देश दिए कि वायु प्रदूषण को देखते हुए जिन दुकानदारों ने जनरेटर लगा रखे, कुछ होटल वालों ने भट्टिया तथा तंदूर लगा रखे है सबको तीन दिन का समय दो और यदि फिर भी यह नहीं मानते तो उनके खिलाफ कार्यवाही करो और चालान काटो। बैठक में निगमायुक्त न साफ तौर पर कहा कि अवैध निर्माण वालों में जिनका नक्शा पास है नगर निगम के जेई की जिम्मेदारी है कि मौके पर जाकर निर्माण कार्य को देखे कि वह नकशे के अनुरूप बना रहा है या नहीं। अगर नक्शा पास नहीं है और निर्माणकर्ता निगम को कम्पाउंड कराने की फीस देता है तो ठीक है और अगर कम्पाउंड फीस नहीं देता तो इमारत को सील कर दो या फिर तोड़ दो।

टयूबवैल ऑपरेटर की जांच के निर्देश

निगमायुक्त ने बैठक में निगम अधिकारियों को निगम क्षेत्र में जितने भी टयूबवैल ऑपरेटर कार्यरत है उनकी जांच करने के निर्देश दिए ताकि यह पता चल सके उक्त टयूबवैलों पर नगर निगम के कर्मचारी हैं या नही। इसके अलावा सरकार द्वारा कर्मचारियों को जो मकान किराया भत्ता मिलता है उसकी जांच करने और जो सरकारी मकान में रह रहे हैं उनके भत्ते काटने के भी निर्देश दिए। निगमायुक्त ने मीटिंग में कार्यकारी अभियन्ताओं और कनिष्ठ अभियन्ताओं को सख्त निर्देश दिए कि जो कार मार्किट है जिनकी कारें डम्प पड़ी हुई है और कई सालों से खराब पड़ी हुई है जिनकी वजह से दोनों तरफ सड़कों पर अतिक्रमण हो रखा है उनको सड़कों से हटाने के आदेश दिये और अगर दुकानदार खुद नही हटाते तो कबाड़ी बुलाकर बेचने के आदेश दिये।

अवैध कनैक्शन को काटा जाए

निगमायुक्त ने मीटिंग में निगम अधिकारियों को साफ तौर से कहा कि शहर में जितने भी पानी और सीवर के अवैध कनैक्शन चल रहे है उनको काटा जाए और अवैध कनैक्शन धारकों को पानी और सीवर के कनैक्शनों को वैध कराने के लिए भी कहा। निगमायुक्त ने मीटिंग में निगम अधिकारियों को इन सभी कार्यो को करने के लिए एक माह की समय अवधि दी है और सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये है कि उक्त सभी कार्य एक माह की अवधि में किए जाए जिन भी अधिकारियों ने कार्य करने में कोई भी कोताही बरती उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही की जायेगी।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Citymail Haryana News