बोरवेल में गिरे कुत्ते के बच्चे तो एक टांग पर खड़े हो गए सैंकड़ों लोग, फिर काम आई फायर बिग्रेड

0

Faridabad News (citymail news) टयूबवेल के लिए खोदे गए बोरवेल अब तक बच्चों के लिए जानलेवा साबित होते रहे हैं, लेकिन सैक्टर 17 के एक पार्क में इसी तरह के एक बोरवले में जब कुत्ते के बच्चे जा गिरे तो सैंकड़ों लोग उन्हें बचाने के लिए एक टांग पर खड़े रहे। कई घंटों की मेहनत व दमकल विभाग के कर्मचारियों की अथक सूझबूझ के बाद बच्चों की जान बचाई जा सकी। यह घटना सैक्टर 17 स्थित फाऊंटेन पार्क में घटित हुई।

पार्क में घूम रहे इस शख्स ने देखा पूरा हाल-

दरअसल पार्क में रात के समय कुछ लोग सैर कर रहे थे। उनके से गौरव द्विवेदी नामक के शख्स को कुत्तों के रोने की आवाज सुनाई दी। उन्होंने आसपास देखा, मगर उन्हें कोई दिखाई नहीं दे रहा था। अचानक उनकी नजर टयूबवेल के लिए खोदे गए बोरवेल की तरफ गई। वहां देखा तो उसमें से कुत्ते के बच्चों के रोने की आवाज आ रही थी। हालांकि उन्होंने पहले पहल अपने स्तर पर प्रयास किया, मगर वह चाहकर भी उन्हें नहीं निकाल पाए। तभी उनके पास देवेंद्र रत्तरा नामक शख्स भी पहुंच गए। देखते ही देखते मौके पर आसपास के काफी लोग इकठ्ठे हो गए और बच्चों को बचाने की कोशिशों में जुट गए। मगर उन्हें इसमें सफलता नहीं मिली।

फायर ब्रिगेड आई तो हुआ काम-

इस बीच उन लोगों ने फायर ब्रिगेड को बुलाने की सोची। यह निर्णय लेकर तत्काल फायर ब्रिगेड को फोन किया तो वह भी मौके पर पहुंच गए। उन सभी ने काफी कोशिश के बाद और घंटों की मेहनत से रात को करीब एक बजे के आसपास दोनों बच्चों को बोरवेल से निकालने में सफलता हासिल की। इस तरह से दोनों बच्चों को निकालकर लोगों ने उन्हें नया जीवन प्रदान किया। यह एक अनोखी व बेहतरीन मिसाल है जानवरों को नया जीवन देने की। लोगों ने इस सफलता पर फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों का आभार जताया। वहीं दूसरी ओर लोगों ने बोरवेल को खुला छोडऩे वाले कर्मचारियों के खिलाफ रोष व्यक्त करते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। लोगों ने कहा कि पार्क में सभी उम्र के लोगों के साथ साथ बच्चे भी खेलने के लिए पहुंचते हैं। यदि इस बोरवेल की चपेट में कोई बच्चा आ जाता तो बड़ी मुश्किल हो सकती थी। इसलिए टयूबवेल के लिए खुदाई करने वाले कर्मचारियों को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here