मंदी की मार से जूझ रहे लाखों लोगों को एसबीआई बैंक ने दी बड़ी राहत

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New Delhi News (citymail news ) देश के सबसे बड़े बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने अपने ग्राहकों को बड़ा तोहफा दिया है। बैंक के इस एक फैसले से देश भर में लाखों ग्राहकों को बड़ा लाभ मिलने वाला है। वैसे भी कोरोना व लॉकडाऊन के चलते देश भर में लोग मंदी की मार झेल रहे हैं। उन पर बैंक लोन का बोझ भी बढऩे लगा है। अपने ग्राहकों की मुसीबतों को देखते हुए ही स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने उन्हें कर्ज के ब्याज में बड़ी राहत देने का निर्णय लिया है। बैंक प्रबंधन ने अपने ग्राहकों के लिए ब्याज दरों में कटौती का निर्णय लिया है। इसके तहत बैंक के इस फैसले से उन ग्राहकों को बड़ा लाभ होगा, जिन्होंने कर्जा लिया हुआ है और लॉकडाऊन के चलते अब उन पर ब्याज की मार पड़ रही है। ऐसे ही ग्राहकों के लिए बैंक ने बड़ा निर्णय लिया है, जोकि आने वाले दिनों में लागू होगा, जिससे करोड़ों लोगों को बड़ा लाभ होने की उम्मीद है। बता दें कि बैंक ने छोटी अवधि की एमसीएलआर दरें घटाने का ऐलान किया है। छोटी अवधि की एमसीएलआर दरें 0.05 प्रतिशत से 0.10 फीसद तक घट गई हैं। अब एसबीआई की दर घटकर 6.65 पर आ गई है। बैंक का दावा है कि मौजूदा समय में उनकी एमसीएलआर दरें देश में सबसे कम होंगी। ये दरें 10 जुलाई से लागू हो जाएंगी।
इस तरह से मिलेगा लाभ-

अब ग्राहकों को 30 साल के लिए लिये जाने वाले 25 लाख रुपए के लोन पर एमसीएलआर के तहत मासिक किश्त करीब 421 रुपए घट जाएगी। इसी तरह से ईबीआर व आरएलएलआर के तहत मासिक किश्त 660 रुपए घट जाएगी।

लेकिन इन ग्राहकों को ही मिलेगा लाभ

यह लाभ नए ग्राहकों के साथ साथ सिर्फ उन्हीं लोगों को मिलेगा, जिन्होंने अप्रैल 2016 के बाद लोन लिया है। इसका कारण यह है कि उससे पहले लोन देने के लिए लिए तय मिनिमम रेट बेस रेट कहलाती थी। यानि कि इससे कम दर पर बैंक लोन नहीं दे सकते हैं। एसबीआई ने जारी बयान में कहा गया है कि एमसीएलआर यह कटौती तीन महीने से कम के लिए दिए जाने वाले कर्ज पर लागू होगी। इसका मकसद कर्ज उठाव व मांग को बढ़ावा देना है। एमसीएलआर में की गई कटौती के बाद तीन महीने की अवधि के कर्ज पर बैंक की ब्याज दर घटकर 6.65 प्रतिशत वार्षिक रह जाएगी। माना जा रहा है कि इस नीति से जहां बैंक को काफी लाभ मिल सकता है, वहीं ग्राहकों को भी फायदा होने के आसार हैं।

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